“आपने अक्सर लोगो को यह कहते सुना होगा कि अमुक जवान व्यक्ति में जोश तो बहुत है ,लेकिन होश नहीं  है. जहाँ  जोश के साथ होश नहीं जुड़ा है वहां जोश केवल हिंसा पैदा करता है . जवानी केवल जोश हो तो समाज में सिकंदर और चंगेज खान पैदा होते है .इसके विपरीत ,जोश के साथ अगर होश जुड़ा हो तो राम,कृष्ण, बुद्ध और शंकर जैसे प्रज्ञा  पुरुष पैदा होते है. विवेकानंद  और जीसस पैदा होते है.”