“नारी जाति ईश्वर की सबसे सुंदर रचना है। मेरे जीवन को सबसे अधिक प्रभावित करने वाली दो महिलाएँ थीं – एक मेरी माँ और दूसरी प्रसिद्ध गायिका एम.एस.शुभलक्ष्मी।

इनकी सरलता, सादगी, कर्मठता, स्नेह मुझे सदा प्रभावित करते रहे।बचपन में अपनी माँ को मैं नमाज पढ़ते हुए देखा करता था। वे प्रार्थना में तल्लीन हो जाती थीं और शुभलक्ष्मी अपने स्वरों में डूब जाती थीं। किसी भी कार्य को मन की संपूर्णता से करना कितना सुखद और प्रेरणापद हो जाता है।”