दृष्टि ही तो सृष्टि है | बिहार की बात करे तो  यहाँ नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में आज भी बहुत सारी कमियाँ है जिसके कारण लोगों को आँखों की गंभीर बिमारियों के बेहतर ईलाज के लिए बिहार से बाहर जाना ही पड़ता है | पर जहाँ चाह वही राह को प्रमाणित करते हुए अपनी मेहनत और लगन के दम पर  बिहार के ही एक लगनशील और कर्मठ डॉक्टर कुमार विवेक   ने कुछ ऐसा सोचा और किया जो हम बिहारियों के लिए नेत्र ईलाज के क्षेत्र में किसी खुशखबरी से कम नहीं |


सर्वदृष्टि नेत्र अस्पताल, रुकुन्पुरा पटना

परिश्रम ,पराक्रम , ज्ञान और अनुभव के धनी है
डॉ कुमार विवेक

मूल रूप से गया के रहने वाले युवा डॉक्टर कुमार विवेक को आमतौर पे नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने के लिए जाना जाता है | माँ सरस्वती की कृपा तो इनपर है ही पर अपने परिवार और मित्रों के स्नेह से सरोबार युवा डॉक्टर कुमार विवेक बहुत ही मिलनसार और नरम स्वाभाव के भी है जो इनकी शख्शियत को और निखार जाता है |

अपने धुन और प्रोफेशन के माहिर डॉक्टर कुमार विवेक की मेहनत और लगनशीलता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि इतनी कम उम्र में ही एम.डी एम्स नई दिल्ली एफ.आय.सी.ओ, एफ.आर.सी एस एवं पूर्व वरिष्ठ रजिस्ट्रार, तथा एम्स नई दिल्ली में 4000 से अधिक विट्रेओ रेटिना सर्जरी को सफलता पूर्वक कर चुके हैं  |

Dr. Kumar Vivek
Founder, Sarvdrishti Eye Hospital

बिहार के नेत्र रोगियों के लिए वरदान  स्वरुप है सर्व ज्योति नेत्र अस्पताल (Sarvdrishti Eye Hospital )

डॉ कुमार विवेक  की सर्वदृष्टि आई हॉस्पिटल बिहार वासियों के लिए एक सौगात की तरह है | अब आँखों की गंभीर बिमारियों के लिए बिहार से बाहर जाने की जरुरत नहीं बिहार की राजधानी पटना और गया में डॉ कुमार विवेक सर्वदृष्टि आई हॉस्पिटल के माध्यम से आखों की जटिल बिमारियों का बहुत कम कीमत में इलाज उपलब्ध करा रहे हैं |

27 जून 2018 को हुआ था पटना में अत्याधुनिक नेत्र अस्पताल  उदघाटन

प्रकृति का सबसे बहुमूल्य उपहार है हमारी आँखे जिसके बिना हम जीने की कल्पना मात्र से हीं सिहर उठते हैं, आज बदलते जीवन शैली और वातावरण के कारण आँखों का जो ख्याल रखना चाहिए वो हम लोग रख नहीं पाते परिणाम स्वरुप लोग आँखों के गंभीर बिमारियों से ग्रसित हो जाते हैं और अगर जानकारी के आभाव में सही समय पर इलाज नही हुआ तो लोग असमय हीं अंधेपन के शिकार हो जाते है | या फिर इलाज के लिए बिहार से बाहर जाना पड़ सकता है जो हर किसी के बस की बात नहीं है |

पर अब पटनावासियों और पुरे सूबे को वैसी दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ेगा | नेत्र से जुड़े किसी भी गंभीर समस्या के ईलाज के लिए इस अस्पताल में अनुभवी डॉक्टरों की स्पेशल टीम कार्यरत है जो हमेशा तत्पर और आपातकालीन सेवाओं के लिए तैयार है |

एम्स दिल्ली के कार्यकाल के दौरान मिली थी नेत्र अस्पताल खोलने की प्रेरणा

डॉ कुमार विवेक जब एम्स दिल्ली में कार्यरत थे तो वहाँ बिहार और उत्तरप्रदेश से आये नेत्र रोगियों की तकलीफों को बहुत करीब से देखा और महसूस किया की बिहार वासियों के लिए भी कुछ एसा किया जाये की उन्हें इलाज के लिए दिल्ली या दक्षिण भारत न जाना पड़े जिससे उनका समय और पैसा दोनों बचे | फिर उन्होंने बिहार में सर्वदृष्टि आई हॉस्पिटल की नीव रखी जो राजधानी पटना और डॉ कुमार विवेक के पैतृक शहर गया में स्थित है |

डॉ कुमार विवेक

 डॉ कुमार विवेक के सर्वदृष्टि आई हॉस्पिटल का मकसद है उचित मूल्य पर सबको आधुनिकतम नेत्र चिकित्सा का लाभ मिल सके, और आज लोगों को कम से कम कीमत में उच्च कोटि की नेत्र चिकित्सा उपलब्ध करा रहे हैं डॉ कुमार विवेक सिंह  |

समाज सेवा के लिए चैरिटी विंग भी चलाते हैं डॉ विवेक  

डॉ कुमार विवेक कम से कम कीमत में बेहतर इलाज मुहैया कराते हीं है इसके अलावा वैसे मरीज जो बिल्कुल पैसा देने में सक्षम नहीं है उनके लिए सप्ताह में एक दिन गुरुवार को निःशुल्क सलाह एवं इलाज करते हैं |

डॉ कुमार विवेक ने बताया कि उनके लिए पैसा हीं सब कुछ नहीं है सर्व दृष्टि आई हॉस्पिटल में आने वाले तमाम मरीजों चाहे तो उनके पास पैसे हो या न हो बिना समुचित इलाज कराए बिना नहीं लौटते है |