आज के जमाने मे युवा वेब-सीरीज़ की कड़ी में बेहद रुचि रखते है एवं युवाओं के बीच वेब-सीरीज काफी लोकप्रिय भी हो रही है , कारण भी है वेब-सीरीज में दिखाई जाने वाले सारे पात्र एवं कहानियां असल जिंदगी के तहत लगती है । साथ मे ही समय सीमित ना होने के कारण वेब-सीरीज भिन्न भाग में काफी बड़ी होती है जिसकी समय – सीमा लगभग 5 से 7 घंटे की एक वेब-सीरीज होती है जिसमें कहानी को मुख्य जीवन से जोड़कर दिलचस्प बना देती है ।।


मुख्यतः वेब-सीरीज समाज मे होने वाले क्रियाकलापों पर आधारित रहती है , इसी वेब-सीरीज की दुनिया मे छात्रों के ऊपर आधारित वेब-सीरीज जोकि टी०वी०एफ (TVF ; The Viral Fever Production) के द्वारा निकली गयी है जिसका शीर्षक “कोटा फैक्ट्री” है , वह आजकल बेहद लोकप्रिय हो रहा है ख़ासकर वेसे युवा छात्रों के लिए जोकि अपने घर से दूर रहकर बाहर शहर में इंजीनियरिंग अथवा कम्पटीशन जैसी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे है, जिसमें छात्रों को होने वाले संघर्ष एवं रोमांच का पूणतः मिश्रण है ।

◆”कोटा फैक्ट्री” छात्रों की संघर्ष का सम्पूर्ण मिश्रण ;

कोटा राजस्थान का एक शहर है जो विख्यात है आईआईटी जेईई (IIT-JEE) की कोचिंग के लिये ,जहां हर साल भारत के कोने-कोने से छात्र आते है आईआईटी प्रवेश परीक्षा की तैयारी करने के लिए , जिनका एकदम सिद्धांत पढ़ाई की ओर केंद्रित होता है और इसी कारण इस शहर को भारत का सबसे बड़ा स्टूडेंट हब भी बोलते है एवं इस वेब सीरीज का नाम भी कोटा फैक्ट्री है ,क्योंकी फैक्ट्री की तरह यहां आईआइटियन्स (IITIANS) निकलते है । यह कहना भी गलत नही होगा की ये एक बेहतरीन वेब सीरीज है ,चाहे कलाकारों की ऐक्टिंग,निर्देशन,कास्टिंग,एडिटींग,डायलाग,बैक ग्राउंड म्यूजिक सब बेहतरीन है। ऐसे तो यह सीरीज बहुत ही सीमित दर्शक वर्ग के लिये है मुख्यतः छात्रों या शिक्षकों या जो भी इंजिनीरिंग वगैरह से जुड़े है पर यह सबको अपील करती है ।सबसे से अच्छी बात इसका विषय जिसको बहुत अच्छा ट्रीटमेंट दिया गया है,यह एजुकेशन सिस्टम को सुधारने की बात नही करती पर सोचने पर जरुर मजबूर करती है,स्टूडेंटस के लिये ऐसी फिल्मों की जरुरत है , इस कहानी में वैभव पांडे(मयूर मोरे) नामक छात्र के आईआईटी कोचिंग के लिये कोटा पहुंचने की कहानी है ,और वहाँ पहुँचकर उसके संघर्ष ,स्पर्धा , उसके उस माहौल मे ढलने की कहानी है ।

◆सीरीज में एक ऐसे बिहार के छात्र रंजन राज(मीनल) अभिनेता जोकि असल जिंदगी में भी है आई०आई०टी०एन :-

“कोटा फैक्ट्री” वेब-सीरीज के रंजन राज (मीना) जोकि वेब-सीरीज में एक छात्र की भूमिका में है और जो इंजिनीरिंग की तैयारी कर रहा है , वह आईआईटी-मुम्बई के छात्र है , वास्तव में मीना का असली नाम रंजन राज है और असल जिंदगी में भी वह आईआईटी मुंबई का ड्राप-आउट छात्र रह चुके है , उनकी अभिनय के वो सभी कायल है जोकि इस वेब- सीरीज को देखे है । रंजन बिहार के अरवल जिले का रहने वाले है ।।

◆असल जिंदगी को पर्दे में उतारने में महारथ है टीवीएफ (TVF PRODUCTION) :-

टीवीएफ (TVF PRODUCTION) एक ऐसा स्टेज है जिसमें हर स्तम्भ के अभिनय मौजूद है और खास-बात यह सामने आती है कि यह असल जिंदगी के क्रियाकलापो को पर्दे पर दिखाकर अपने दर्शकों का दिल जीत लेते है जिसका उदाहरण “कोटा फैक्ट्री‘ में ही नजर आती है , पूरी सीरीज ब्लैक ऐण्ड वाइट मे है,ये एक नया प्रयोग है पर मजेदार है, पर सीरीज की जान इसके डायलॉग मे है, खासकर “जिंदगी मे ग्रो करने के लिये हमेशा मूव ऑन करना पड़ता है” या फिर “दोस्ती कोई रिवीजन थोडी है जो करनी है”या फिर “माँ-बाप के डिसीजन शायद गलत हो सकते है पर उनकी नियत कभी गलत नही होती”और ऐसे ही कई जो लिखे बड़े सरल है पर उसके अर्थ दिल तक छू जाते है । यह एक असल जिंदगी के कलापों को पर्दे पर दिखाने की अद्धभुत प्रयास है जिसमें दोस्ती भी है ,कच्ची उम्र का प्यार भी है , जोकि किसी को भी अपने स्टूडेंट लाइफ में हुए संघर्षो की ओर ले जाएगा ।

subham Gupta

Associate Author at BiharStory.in
एक स्टोरी राइटर, जिसका मकसद सामाजिक गतिविधियों एवं अपनी लेखनी के माध्यम से सामाजिक परिदृश्य को दिखाना ही नहीं बल्कि बदलाव के लिए सदैव प्रयासरत भी रहनाहै |
subham Gupta

Latest posts by subham Gupta (see all)