बिहार की मिथिला राजधानी के रूप में जाने जाना वाला दरभंगा जहां की लोक कला संगीत और साहित्यिक परम्परा के लिय देश में ही नहीं बल्कि विदेशों में मशहूर है |

Red Fort Darbhanga

भारत के दूसरे लाल किले के रूप में जाना जाता है दरभंगा का किला

ये एक शहर, जहाँ दुर्लभ किलाएँ भी है जिनमे से एक है दरभंगा का किला ( Red Fort Darbhanga ) जिसका नाम दरभंगा जिला क नाम ही पड़ा है या यूँ बोले तो दरभंगा के इस किले के नाम पर ही इस जिला का नाम भी दरभंगा पड़ा है | बात जब दरभंगा किले की आती है तो ये भारत के दूसरे लाल किले के रूप में जाना जाता है | यह पर्यटन स्थल ही नहीं बल्कि शहर के प्रतिष्ठित स्मारकों के रूप में भी जाना जाता है | यहाँ कुछ ऐसे बातें बताई गयी जिसको जानकार अपने बिहार पे गर्व करेंगे |

Red Fort Darbhanga

महाराजा कामेश्वर सिंह द्वारा बनाया गया था दरभंगा का राज किला

दरभंगा का किला ( Red Fort Darbhanga ) जो दरभंगा के राज किला के रूप में भी जाना जाता है। लोगों के अनुसार ये  20 वीं शताब्दी में महाराजा कामेश्वर सिंह द्वारा बनाया गया था जो की  दरभंगा राज परिवार का प्रमुख निवास स्थान था।जहाँ तक हम सभी जानते है मिथिला अपनी संस्कृति और कला के लिए पुरे विश्व में मशहूर है |

जहाँ की दीवारों पे  महान वास्तुशिल्प कार्य उकेरे हुए हैं। दरभंगा का यह किला जो लाल ईंटों का प्रयोग  करके बनाया गया गया है |  और जहाँ की दीवारें 1 किमी लंबी और 500 मीटर चौड़ी हैं वही किले के भीतर दीवार के चारों ओर एक गड्ढा बनाया गया था जहाँ किले और राज परिवार की सुरक्षा के लिए इसे पानी के बराबर स्तर से भरा गया था।

दरभंगा किले ( Red Fort Darbhanga ) के मुख्य प्रवेश द्वार को  कहा जाता था  सिंहल

वही दरभंगा किले ( Red Fort Darbhanga ) के मुख्य प्रवेश द्वार को सिंहल कहा जाता जो की  इसके प्रमुख आकर्षणों में से एक है जिसका डिज़ाइन  फतेहपुर, सिकरी के बुलंद दरवाज़ा से प्रेरित है | हालाँकि किले की अधिकांश संरचना अब अव्यवस्था की स्थिति में है, लेकिन फिर भी यह अभी भी बरकरार है।

इस किले के अंदर दो महल हैं। उनमें से एक रामबाग पैलेस है, जो एक प्रसिद्ध पूजा स्थल है। ऐसा माना जाता है कि राज परिवार अपने कुल देवता की पूजा यही करते थे। 1970 के भूकंप के दौरान एक महल नष्ट हो गया था । इन दो महलों के बावजूद, इस किले में पास के कई महल जैसे बेला बाग, दिलखुश पैलेस और मोती महल हैं।एक प्रतिष्ठित पर्यटक स्थल होने के बावजूद, बहुत कम ही लोगों को इस बात की जानकारी है की  दरभंगा का यह किला ( Red Fort Darbhanga ) लाल किला, नई दिल्ली से 9 फीट ऊंचा है। इस किले के निर्माण के दौरान, दीवारों को बनाने के लिए कलकत्ता स्थित एक कंपनी द्वारा हजारों कारीगरों को लगाया गया था।

Red Fort Darbhanga

स्वतंत्रता के दौरान उच्च न्यायालय द्वारा प्रतिबंध लगाने के कारण निर्माण रह गया था अधूरा

जब  दरभंगा किले की दीवारों के तीन किनारों का निर्माण पूरा हुआ तो भारत को ब्रिटिश शासन से स्वतंत्रता मिली थी जब पश्चिमी भाग की दीवार का निर्माण किया जा रहा था। स्वतंत्रता के दौरान उच्च न्यायालय द्वारा प्रतिबंध लगाने के कारण निर्माण अधूरा था |

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महाराजा कामेश्वर सिंह की जब मृत्यु हुई उसके बाद, उनके उत्तराधिकारियों ने कई महलों के भूखंड को  बेचना शुरू कर दिया था । उन प्लॉटों को खरीदने वाले लोगों ने कॉलोनियों और घरों का निर्माण किया। तो कही,होटल, रेस्तरां और दुकानों को खोला गया |

Red Fort Darbhanga

दरभंगा किला ( Red Fort Darbhanga ) मिथिला संस्कृति के लिए आकर्षण का बना हुआ है केंद्र

इसके बावजूद भी आज भी  दरभंगा किला मिथिला संस्कृति के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। स्वतंत्रता के वर्षों बाद, भारत के पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग और दरभंगा पुलिस द्वारा देखभाल और जिम्मेदारी संभाली गई।