Author Archives: niraj kumar

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गरीबों की भूख मिटाने की जंग लड़ती ‘रॉबिन हुड आर्मी’ बड़े होटलों, होस्टल का बचा खाना रॉबिन हुड आर्मी पहुंचाती है गरीबों की थाली तक

अब इंदौर शहर की सितारा होटलों और कार्पोरेट कंपनी के मेस का बचा खाना गरीबों की थाली तक पहुंच रहा है | शहर के युवाओं की रॉबिन हुड आर्मी यह…
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रिश्ते खून के मोहताज नहीं होते, गर होते, तो यशोदा के गोपाल नहीं होते रामलाल वृद्धाश्रम में कुल 270 लोग रहते हैं इनमें 95 वृद्धाएं,102 बुजुर्ग पुरुष और 32 बच्चे शामिल हैं

रिश्तों को खून से परिभाषित नहीं किया जा सकता |  हर रिश्ता प्रेम से है, और प्रेम का रिश्ता सबसे बड़ा होता है | इसे खून, रंग, रूप, भाषा, बोली, मजहब...…
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Bihar

अन्धविश्वास के खिलाफ जंग लड़ता बिहार के मधुबनी जिले का एक युवा : मंटू कुमार 'सक्सेस साईंस फॉर सोसाईटी ' संस्था के जरिए भारत के कोने - कोने में चला रहे जागरूकता अभियान

अंधविश्वास कहे या गंद्विश्वास पर ये ऐसी बीमारी है जिससे हर तीसरा व्यक्ति ग्रसित है चाहे वो पढ़ा लिखा हो या अनपढ़  इस बीमारी के कारण बहुत से लोग अपनी जान…
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Bihar

बुराई पर अच्छाई के जीत का प्रतिक है ‘विजयादशमी’ विजयादशमी सिर्फ एक पर्व नहीं, बल्कि यह प्रतीक है झूठ पर सच्चाई की जीत का, साहस का, नि:स्वार्थ सहायता का और मित्रता का, बुराई पर अच्छाई का

रावण के दस सिर प्रतीक हैं काम, क्रोध, लोभ, मोह, मद, मत्सर आदि अवगुणों का प्रतिक है | रावण इन सारे अवगुणों के मिश्रित स्वरूप का नाम है। रावण के…
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लावारिस शवों के मुक्ति दाता हैं बिहार के ‘निसार अहमद बासी’ 'लावारिस शवों के मसीहा' के नाम से प्रसिद्ध निसार कहते हैं कि उन्हें इस काम से सुकून मिलता है, उनके निःस्वार्थ प्रयासों को स्थानीय प्रशासन भी मानता है

हमलोग धर्म और मजहब के नाम पर हिंदू और मुसलमानों के बीच तनाव की खबरें तो हमेशा से सुनते आयें हैं,पर बिहार के मुंगेर में एक ऐसा शख्स है जो…
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Doing The Different

50 वर्षीय अमर सिंह जो बीस वर्षों से बचा रहे हैं लोगों की जिंदगी अपनी स्वेच्छा से 73 बार रक्तदान करने वाले अमर सिंह राजस्थान, हरियाणा और पंजाब में 330 रक्त दान शिविरों का आयोजन भी करा चुके हैं

  एक अनपढ़ और देहाड़ी मजदूरी करने वाला पचास वर्षीय मजदुर जिसके कदम पिछले बीस वर्षों से जिंदगियां बचाने के जुनून में कभी नहीं ठिठके | 50 वर्षीय अमर सिंह बेशक एक अनपढ़ देहाड़ी मजदूर हैं…
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Doing The Different

दो सौ दिव्यांग बच्चों की जिंदगी संवार रही है ‘सविता सिंह’ अब ये दिव्यांग बच्चे ही सविता की जिंदगी हैं, सविता जीती हैं तो बस इन बच्चों के लिए

कौन कहता है कि सफलता सिर्फ उन्हीं के कदम चुमती है जो शारीरिक रुप से मजबूत व स्वस्थ होते हैं? सच तो यह है कि सफलता उस वृक्ष के समान…
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Dynamic Youths

साईकिल वाले गुरूजी – आदित्य कुमार आदित्य स्कूल न जा सकने वाले बच्चों के लिए, मलिन बस्तियों में 20 वर्षों से लगा रहे हैं 'साइकिल पाठशाला'

दोस्तों आज की कहानी एक नौजवान की है, जिसके के मन में शिक्षा की अलख जगाने का कुछ ऐसा जुनून पैदा हुआ कि उसने साइकिल को हीं मोबाइल पाठशाला बना…
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Bihar

क्रिकेट की दुनिया का नया सितारा पृथ्वी शॉ बिहार के गया जिले में मानपुर गांव के रहने वाले हैं पृथ्वी के पिता पंकज शॉ

भारतीय क्रिकेट टीम का हिस्सा बनने का सपना संजोये हजारों खिलाड़ी रोजाना आते हैं, और इन्ही खिलाड़ियों में से कोई अपने प्रतिभा के बल पर क्रिकेट की दुनिया में अपनी…
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Doing The Different

पौधा वाले गुरूजी ‘राजेश कुमार सुमन’ का शौक नहीं उनके दीवानगी का दूसरा नाम  है “सेल्फी विद् ट्री” पेड़-पौधे से धरती संवारने की कसम खाई है समस्तीपुर के इस युवा ने और सिर्फ अब तक हज़ारों पेड़ लगाया ही नहीं बल्कि तोहफे में भी देते है

जहाँ हरियाली, वहां खुशहाली को आधार मानकर समस्तीपुर के युवा अपने अनोखे मुहीम “सेल्फी विद् ट्री” अभियान के माध्यम से धरती माँ का श्रृंगार कर रहे है | वृक्षरोपण  और…
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